
धनबाद : झारखंड के धनबाद में हुए जज उत्तम आनंद की मौत के मामले को लेकर सीबीआइ टीम लगातार मेहनत कर रही है. 28 जुलाई को ऑटो ने जज को धक्का मार दिया था. इस मौत के मामले में ऑटो चालक समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया था. इस मामले को बाद में सीबीआइ को सौंप दी गयी. सीबीआइ ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी. मंगलवार को एक बार फिर से धनबाद के रंधीर वर्मा चौक पहुंचे, जहां पहले दो बार सीबीआइ की टीम जा चुकी है. इस दौरान वहां की तस्वीरें ली गयी. फोरेंसिक एक्सपर्ट को भी वहां लेकर सीबीआइ की टीम पहुंची थी. वहां फोरेंसिक टीम ने बारीकी से सारी चीजों की जांच की. इसको लेकर घटना की तस्वीर और घटनास्थल का मिलान किया गया. घटनास्थल से कुछ सबूत फिर से इकट्ठा किया गया. इस बीच जज को टक्कर मारने वाले ऑटो चालक लखन वर्मा और राहुल वर्मा से पूछताछ में कोई खुलासा नही होने के बाद उनका ब्रेन मैपिंग और लाइ डिटेक्टर टेस्ट भी कराया गया. इन दोनों का ब्रेन इलेक्ट्रिकल ऑक्सीलेशन और नार्को टेस्ट भी किया जा रहा है. सीबीआइ की टीम यह सारे टेस्ट आरोपियों से सिंफर के गेस्ट हाउस में कर रही है. ये सारे टेस्ट पूरा होने के बाद ही खुलासा हो सकेगा कि आखिर मौत हत्या थी, साजिश थी या कुछ और. सुप्रीम कोर्ट ने सीबीआइ को कड़ी फटकार लगाते हुए कहा था कि मौत की साजिश करने वालों का खुलासा करें. इसको लेकर ही सीबीआइ जांच कर रही है.






