जमशेदपुर : टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन कार्यालय में शुक्रवार को स्वर्गीय मुकुल डुंगडुंग की धर्मपत्नी वायलेट डुंगडुंग के अनुरोध पर टाटा मोटर्स प्रबंधन, यूनियन व वायलेट डुंगडुंग एवं उनके समर्थकों की बैठक हुई। मुकुल डुंगडुंग के देहांत के उपरांत टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन के प्रयास से टाटा मोटर्स प्रबंधन एवं मुकुल डुंगडुंग की धर्मपत्नी वायलेट डुंगडुंग के बीच यह समझौता हुआ था कि वायलेट डुंगडुंग को टाटा मोटर्स में नौकरी दी जाएगी। लेकिन कुछ ही दिनों बाद वायलेट डुंगडुंग के द्वारा लगातार प्रबंधन एवं यूनियन को भी आवेदन दिया जाने लगा कि मैंने सोच-समझकर खासकर अपने तीन बच्चों के बारे में सोच कर और इन्हें देखने वाला घर में कोई नहीं है, ऐसी स्थिति में मैं नौकरी नहीं कर पाऊंगी। (नीचे भी पढ़ें)
अतः यूनियन एवं प्रबंधन से कई पत्रों के माध्यम से वह आवेदन करती रही हैं कि मुझे नौकरी न देकर मरणोपरांत मिलने वाली सारी सोशल सेक्युरिटी स्कीम मुहैया करायी जाए। उनके इस पत्र को गंभीरता लेते हुए यूनियन ने आज बैठक की और इस बैठक में प्रबंधन की ओर से आईआर पदाधिकारी राजीव श्रीवास्तव, एडमिनिस्ट्रेशन हेड बीएन सिंह, टाउन हेड रजत सिंह, उपस्थित हुए। यूनियन की ओर से अध्यक्ष गुरमीत सिंह, महामंत्री आरके सिंह एवं वायलेट डुंगडुंग, स्टीफेन एवं उनके परिजन उपस्थित हुए। बैठक में यह तय हुआ कि नौकरी नहीं करने की स्थिति में मरणोपरांत मिलने वाली सारी सुविधा वायलेट डुंगडुंग को मिलेगी या प्रदान की जाएगी। वायलेट डुंगडुंग ने यूनियन और प्रबंधन का बहुत-बहुत धन्यवाद किया।





