
जमशेदपुर : टाटा स्टील के मैट्रिक पास कर्मचारी पुत्र-पुत्रियों की बहाली को लेकर ली गयी रविवार 6 मार्च की परीक्षा में एक नया मामला सामने आ गया है. टाटा स्टील के जितने भी परीक्षा केंद्र बनाये गये थे, वहां एक फेक नोटिस तक चिपका दिया गया था. इस नोटिस में बकायदा टाटा स्टील के परीक्षा के दौरान क्या है सीटिंग व्यवस्था इसको भी लिखा गया है जबकि एक इंस्ट्रक्शन यानी दिशा-निर्देश भी गेट पर लगा दिया गया था, जिसमें वैसे तो 14 प्वाइंट लिखा गया था, लेकिन एक प्वाइंट में लिखा गया था (प्वाइंट नंबर 8) कि नेगेटिव मार्किंग गलत सवालों के जवाब पर एक नंबर काटा जायेगा. सवाल संख्या 1 से 80 तक नेगेटिव मार्किंग करने की बात कही गयी थी जबकि 81 से 100 तक नेगेटिव मार्किंग नहीं होगी, यह बताया गया था. इसके अलावा पूरी परीक्षा का गाइडलाइन ही इसमें दिया गया था. इसको लेकर परीक्षा केंद्रों में जाने वाले परीक्षार्थी भी कंफ्यूज हो गये थे कि कहीं उनसे गलती नहीं हो जाये. इसको लेकर कई परीक्षार्थियों ने कई सवाल तक छोड़ दिये. जबकि टाटा स्टील मैनेजमेंट और यूनियन ने इसको फर्जी बताया है. इस मामले के संज्ञान में आने के बाद लोकप्रिय न्यूज वेबसाइट पोर्टल www.sharpbharat.com ने इस मसले पर टाटा स्टील मैनेजमेंट और टाटा वर्कर्स यूनियन से अधिकारिक तौर पर इसके बारे में पूछा. (नीचे देखे पूरी खबर)

इस सवाल से वे लोग भी सकते में आ गये. मैनेजमेंट और यूनियन को परीक्षा केंद्रों के बाहर लगाये गये नोटिस का कॉपी भी भेजा गया, तब मैनेजमेंट की ओर से टाटा स्टील की प्रवक्ता ने साफ तौर पर कहा कि यह गलत है और यह फेक है. नेगेटिव मार्किंग नहीं है. पूरे सवाल में किसी तरह का कोई नेगेटिव मार्किंग नहीं की जा रही है. गलत सवालों पर कोई भी नंबर नहीं कटेगा. मैनेजमेंट ने कहा कि उनका इंस्ट्रक्शन (दिशा-निर्देश का नोटिस) परीक्षा केंद्र में जो लगाये गये थे, उस पर टाटा स्टील का मोनोग्राम था, जो हर जगह लगाया गया था. लेकिन कई परीक्षा केंद्रों में यह फर्जी नोटिस लगाने की बात सामने आयी है, जिसकी जांच की जा रही है. मैनेजमेंट ने साफ किया है कि परीक्षा में कोई नेगेटिव मार्किंग नहीं है. दूसरी ओर, टाटा वर्कर्स यूनियन के अध्यक्ष संजीव चौधरी टुन्नु से भी यह सवाल पूछा गया तो बताया कि यह कोई फर्जी नोटिस है. कंपनी की ओर से अधिकारिक तौर पर जो नोटिस चस्पा किया गया था, उस नोटिस में टटा स्टील का लोगो (पहचान) लगा हुआ है. किसी तरह का कोई नेगेटिव मार्किंग की बात नहीं है. सारे सही सवाल का जवाब पर नंबर मिलेगा जबकि गलत जवाब पर नंबर नहीं कटेगा. उन्होंने कहा कि मैनेजमेंट तक यह बातें पहुंचायी गयी है, जिसकी प्रबंधन के स्तर पर जांच चल रही है.





