
चाईबासा : कोल्हान में कुछ सुविधाओं की आड़ में राशन कार्डधारियों और राशन डीलरों के नाम सूची से हटाने के राज्य सरकार के फैसले पर झामुमो और भाजपा दोनों ने सवाल खड़ा किया है. सरकार के फैसले से लाखों राशन कार्डधारी और डीलरों में काफी आक्रोश पनप रहा है. इन लोगों ने राज्य सरकार से पुर्नविचार करने की मांग की है. गौरतलब है कि राज्य सरकार कुछ सुविधाओं को आधार बना कर बडे पैमाने पर राशन कार्डधारियों के नाम सूची से हटा रही है, वहीं नये आदेश में अब राशन डीलरों को सरकारी राशन नहीं दिया जाएगा. जिससे जिले के महिला समूह के माध्यम से राशन दुकान चलाने वाली महिलाएं और सुदूरवर्ती गांवों के डीलरों में भारी नाराजगी है. इन लोगों का कहना है कि राशन कार्ड से नाम हटने से कई सरकारी सुविधा से भी वे लोग वंचित हो जाएंगे. इस संबंध में विधायक दीपक बिरूआ ने सरकार के फैसले पर सवाल खड़ा करते कहा कि यह काफी गंभीर मामला है और वे विधानसभा में मामले उठाएंगे.

राशन कार्डधारियों की स्थिति तो मनरेगा मजदूर से भी बदतर है. एक रुपया कमीशन पर काम करने वाले को ही चोर बनाया जाता है और एमओ, डीएसओ, गोदाम इंचार्ज डोर टू डोर डिलीवरी करने वाले आनाज माफिया बच जाते हैं. भाजपा नेता तरूण संवैया ने इस मामले को काला कानून बताते हुए अविलंब आदेश को रद्द करने की मांग की है. इधर कांग्रेस के जगन्नाथपुर विधायक सोनाराम सिंकू को जब आंगनबाड़ी सेविका, सहिया, समिति चलाने वाली दीदियां और राशन डीलरों नें राशन कार्ड काटे जाने का मामला को लेकर शिकायत की तो उन्होंने अविलंब इस मामले को लेकर उपायुक्त अरवा राजकमल और उप विकास आयुक्त आदित्य रंजन से मिलकर वास्तविकता की जानकारी लेते हुए गरीब और आंगनबाड़ी सेविका सहिया व समिति टलाने वाले दीदियों व राशन डीलरों का राशन कार्ड नहीं काटे जाने की बात रखी. इस पर उपायुक्त अरवा राजकमल ने आश्वस्त किया किया जो पांच-छह माह से राशन नहीं उठा रहे है और सक्षम व्यक्ति हैं वैसे लोगों का राशन कार्ड काटा जा रहा है. अब राशन डीलर, आंनबाड़ी सेविका, सहिया और समिति चलाने वाली दीदियों का राशन कार्ड नहीं कटेगा. विधायक सोनाराम सिंकु ने उपायुक्त से बातचीत के क्रम कहा की यदि सरकार की गाइडलाइन इस तरह की है, तो जरूरत पड़ी तो मामले को विधानसभा में उठायेगें और सबंधित विभाग के मंत्री से भी बात करेगें. हलांकि इस मामले पर जगन्नाथपुर के प्रखंड विकास पदाधिकारी संतोष कुमार ने भी आपूर्ति विभाग से सबंधित स्थानीय अधिकारियों के साथ बैठक कर स्थिति को सपष्ट करते हुए कहा कि राशन डीलर, आंगनबाड़ी सेविका सहिया और समिति चलाने वाली दीदियों का राशन कार्ड नहीं काटा जा रहा है. जो पक्का दो मंजिला और तीन मंजिला मकान में रहते हैं और सक्षम हैं, वैसे लोगों को चिह्नित कर सरकार के मानक के अनुसार ही राशन कार्डधारियों का राशन कार्ड काटा जा रहा है.







