सरायकेला : सरायकेला-खरसावां जिलांतर्गत असंगठित क्षेत्र की छोटी पत्थर एवं अन्य खदानों में सिलिकोसिस एवं व्यवसाय जनित अन्य रोगों से प्रभावित कामगारों के लिए सदर अस्पताल में तीन दिवसीय स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का शुभारंभ हुआ. मंगलवार, 18 मार्च से लेकर गुरुवार, 20 मार्च तक चलनेवाला उक्त शिविर चाईबासा डीजीएमएस की ओर से सरायकेला जिले के सभी खान मजदूरों के लिए आयोजित किया जा रहा है. पहले दिन 50 खान मजदूरों की सिलिकोसिस समेत संपूर्ण स्वास्थ्य परीक्षण किया गया. इस हेल्थ चेकअप कैंप में विभिन्न प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थानों के विशेषज्ञ डॉक्टरों ने खान मजदूरों की जांच की. (नीचे भी पढ़ें)
शिविर में भाग ले रहे प्रमुख डॉक्टरों में सेल के डॉक्टर एके अग्रवाल, यूसिल के डॉ एसडीएन शर्मा एवं ईएसआइसी के डॉ रौशन फ्रांसिस हेम्ब्रम शामिल हैं. इन डॉक्टरों की टीम ने मजदूरों के फेफड़ों की जांच, सांस संबंधी समस्याएं, सिलिकोसिस की पहचान समेत अन्य स्वास्थ्य परीक्षण भी किये. चाईबासा डीजीएमएस के क्षेत्रीय निदेशक राकेश मिश्रा ने बताया कि यह जांच शिविर जिले के स्टोन माइंस में काम करनेवाले मजदूरों के लिए विशेष रूप से आयोजित किया गया है. उन्होंने कहा कि भारत सरकार का डीजीएमएस विभाग खान में कार्यरत मजदूरों के स्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए समर्पित है. (नीचे भी पढ़ें)
उन्होंने कहा- हमारा मुख्य उद्देश्य खान में काम करनेवाले सभी मजदूरों के स्वास्थ्य को प्राथमिकता देना और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना है. इसी उद्देश्य से यह हेल्थ चेकअप कैंप आयोजित किया गया है. इस शिविर के माध्यम से खदानों में काम करनेवाले मजदूरों की नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच, बीमारियों की प्रारंभिक पहचान और उचित चिकित्सकीय सलाह दी गई. इस तरह के हेल्थ कैंप से मजदूरों की सुरक्षा और स्वास्थ्य में सुधार होगा और वे जागरूक भी होंगे. उन्होंने बताया कि आगे भी इस तरह के स्वास्थ्य जांच शिविरों का आयोजन किया जाएगा ताकि खान मजदूरों की सेहत का ध्यान रखा जा सके.



