जमशेदपुर : जमशेदपुर के उलीडीह थाना क्षेत्र के शंकोसाई रोड नंबर 1 में वृद्ध महिला से सोने की चेन छिनतई मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. इस दौरान सोनार सहित चार अपराधियों को वसुंधरा इंस्टेट के समीप सुर्वर्णरेखा प्रोजेक्ट भवन के एक खंडहर क्वार्टर से गिरफ्तार किया गया. वहीं इसके पास से एक देसी पिस्तौल, एक गोली, एक सोने का चेन, टुकड़ो में बटा हुआ दूसरा चेन, 4 हजार नगद, एक डोंगल, पांच मोबाइल जब्त की गयी. गिरफ्तार अभियुक्तों में साकची गुरुद्वारा कालीमाटी रोड का बादल कुमार मोहंती उर्फ बादल (26), टेल्को के मनीफिट का हरप्रीत सिंह उर्फ रितिक (26), उलीडीह थाना क्षेत्र के शंकोसाइ रोड नंबर 5 का राजा बनर्जी उर्फ बड़ा चेला (28) और एक सोनार शामिल है. (नीचे भी पढ़ें)

सोनार को छोड़कर तीनों हिस्ट्रीशीटर है. सिटी एसपी ललित मीणा ने प्रेस कांफ्रेस कर जानकारी दी. उन्होंने बताया कि उलीडीह शंकोसाई रोड नंबर 1 में वृद्ध महिला का अज्ञात अपराधियों के द्वारा गले से सोने की चेन छिनतई की गयी. इस संबंध में महिला के परिजनों ने थाने में लिखित शिकायत की. घटना के संवेदनशीलता को देखते हुए एवं एसएसपी नेतृत्व में एक छापेमारी दल का गठन किया गया. (नीचे भी पढ़ें)

छापेमारी दल द्वारा घटना के उद्भेदन के लिए तकनीकी शाखा सीसीटीवी फुटेज एवं मानवीय आसूचना की मदद से घटना में संलिप्त एक अपराधकर्मी की पहचान बादल मोहंती के रुप में किया गया. छिनतई की गई चेन की बरामदगी के लिए छापामारी दल के द्वारा जिले के विभिन्न क्षेत्र में संभावित ठिकानों पर छापामारी किया गया. इसी क्रम में 3 अगस्त की रात्रि को गुप्त सूचना प्राप्त हुई कि वसुंधरा इंस्टेट के निकट सुवर्णरेखा प्रोजेक्ट भवर के एक खंडहर क्वार्टर में तीन अपराधकर्मी छुपे हुए एवं किसी घटना को अंजाम देने के फिराक में है. छापामारी दल के द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन अपराधकर्मी को हिरासत में लिया गया. सभी की तलासी लेने पर एक सोने का चेन, एक देशी लोडेड पिस्तौल एवं 40,000 (चालिस हजार) रूपया बरामद हुआ. पूछताछ में इन सभी के द्वारा बताया गया कि 1 अगस्त को शंकोसाई रोड नंबर 01 में चेन छिनतई की घटना में संलिप्तता थी एवं छीने गये चेन को बिष्टुपुर के एक सोनार के दुकान में बेचने की बात बतायी गयी. जिसके निशानदेही पर सोनार को भी गिरफ्तार किया गया. कड़ाई से पूछताछ करने पर सभी लोग एनएच 33 में पिस्तौल के बल पर लूटपाट करने के लिए एकत्रित हुए थे. इनसभी के विरूद्ध शस्त्र अधिनियम में कांड दर्ज कर न्यायिक हिरासत में भेजा गया.




