जमशेदपुर : मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर)-2026 के सफल क्रियान्वयन को लेकर जमशेदपुर के उपायुक्त राजीव रंजन की अध्यक्षता में समाहरणालय में बैठक आयोजित की गई. बैठक में 48-जमशेदपुर पूर्वी एवं 49-जमशेदपुर पश्चिमी विधानसभा क्षेत्र के निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों, सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों तथा बीएलओ पर्यवेक्षकों ने भाग लिया. बैठक में भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित कार्यक्रमों एवं समय-सीमा की समीक्षा करते हुए सभी पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए. बताया गया कि 01 अक्टूबर को अर्हता तिथि मानते हुए विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है. (नीचे भी पढ़ें)
निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 20 जून से 29 जून तक प्रशिक्षण एवं सामग्री मुद्रण, 30 जून से 29 जुलाई तक घर-घर जाकर सत्यापन तथा 05 अगस्त को प्रारूप मतदाता सूची का प्रकाशन किया जाएगा. इसके बाद 05 अगस्त से 04 सितंबर तक दावा एवं आपत्ति प्राप्त किए जाएंगे तथा 03 अक्टूबर तक उनका निष्पादन किया जाएगा. 07 अक्टूबर को अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन होगा. बैठक में निर्देश दिया गया कि सभी बीएलओ अपने क्षेत्र के एक्टिव एवं नान एक्टिव मतदाताओं का सत्यापन सुनिश्चित करें तथा 14 जून तक इसकी रिपोर्ट उपलब्ध कराएं. शहरी क्षेत्रों विशेषकर 48-जमशेदपुर पूर्वी एवं 49-जमशेदपुर पश्चिमी विधानसभा क्षेत्रों में बड़े-बड़े आवासीय परिसरों, अपार्टमेंट्स एवं कंपनियों में विशेष अभियान चलाकर मतदाताओं की मैपिंग करने का निर्देश दिया गया. उपायुक्त ने निर्देशित किया कि 14 जून को जिले के विभिन्न आवासीय परिसरों एवं अपार्टमेंट्स में रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) के सहयोग से विशेष कैंप आयोजित किए जाएं, जहां छूटे हुए मतदाताओं की पहचान एवं मैपिंग हो. संबंधित बीएलओ एवं पर्यवेक्षकों को आवश्यक तैयारी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया. (नीचे भी पढ़ें)
बैठक में मतदान केंद्रों पर 15 जून तक स्वयंसेवकों के नियुक्ति की प्रक्रिया पूर्ण करने का निर्देश दिया गया। स्वयंसेवक सरकारी कर्मी ही होंगे, जो निर्वाचन संबंधी कार्यों में बीएलओ और बीएलओ सुपरवाइजर को सहयोग करेंगे. सभी बीएलओ को स्वयंसेवकों की सूची समय पर उपलब्ध कराने को कहा गया. समीक्षा के दौरान ट्रांसजेंडर मतदाताओं, विशिष्ट मतदाताओं, वरिष्ठ नागरिकों एवं दिव्यांग मतदाताओं की शत-प्रतिशत मैपिंग सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया. साथ ही एएसडीडी मतदाताओं के डिजिटाइजेशन कार्य को भी निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने का निर्देश दिया गया. बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि नगर निकाय क्षेत्रों में विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के व्यापक प्रचार-प्रसार हेतु ऑडियो संदेशों, पोस्टरों एवं जागरूकता अभियानों का प्रभावी उपयोग किया जाए, ताकि अधिक से अधिक नागरिक इस अभियान से जुड़ सकें। उपायुक्त ने सभी संबंधित पदाधिकारियों को भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का अक्षरशः अनुपालन करते हुए समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.







