
जमशेदपुर : गुरुदेव नागेंद्र तिवारी स्मृति सेवा संस्थान के तत्वावधान में उनके प्रथम पुण्यतिथि के अवसर पर सोमवार को नगर में वृक्षारोपण सहित कई कार्यक्रम आयोजित किए गए. इस क्रम में मरीन ड्राइव में 100 वृक्षों के पौधों का रोपण किया गया. सुंदरनगर स्थित विकलांग बच्चों का चेशायर होम तथा बाराद्वारी वृद्ध आश्रम में जीवन उपयोगी सामग्रियों का वितरण साथ ही जटाझोपडी बाल संस्कार केंद्र में सभी 100 बच्चों के बीच पाठ्य सामग्रियों का वितरण किया गया. उल्लेखनीय है कि झारखंड प्रशासनिक सेवा के प्रशासनिक पदाधिकारी नागेंद्र तिवारी का बीते वर्ष आकस्मिक निधन हो गया था. एक कुशल तथा संवेदनशील प्रशासनिक पदाधिकारी का जीवन काफी संघर्षपूर्ण रहा. बावजूद इसके अपनी लगन और मेहनत की बदौलत काफी आगे बढ़े तथा जरूरतमंद और संघर्षशील बच्चों के मसीहा बनकर उभरे. जमशेदपुर के बच्चों को नि:शुल्क विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराते थे. विद्यार्थियों के बीच लोकप्रिय गुरुदेव बाबा नागेंद्र तिवारी के लगभग 500 छात्र-छात्रा विभिन्न सरकारी/गैर सरकारी नौकरियों में नियोजित हैं. झारखंड प्रशासनिक सेवा में आने के उपरांत अविवाहित रहे स्वर्गीय तिवारी अपने वेतन का अधिकांश हिस्सा जरूरतमंद छात्र-छात्राओं को देते थे. साथ ही शैक्षणिक सहयोग भी करते रहते थे. उनकी स्मृति कार्यक्रम के आरंभ में साकची जेल चौक में छात्र-छात्राओं और शहर के बुद्धिजीवियों ने उनके चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी. कार्यक्रम को सफल बनाने में संतोष साहू, समीर चौधरी, सोनू तिवारी, उमाशंकर प्रसाद, आशुतोष चौबे, राजेश साहू, वीरेंद्र कुमार, राजन कुमार, रामबाबू, संजय सिन्हा, मनीष कुमार, सुनील तिवारी, शंकर तिवारी, सुरेंद्र तिवारी, देवेंद्र राणे, सुजीत तिवारी, अजित बेरा सहित अन्य लोगों ने सहयोग किया.





