
रांची : झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के चौथे दिन भी लगातार हंगामा होता रहा. भाजपा के लोगों ने बाबूलाल मरांडी को विपक्ष का नेता बनाये जाने की मांग को लेकर जोरदार हंगामा किया. एक बार फिर से वेल में आकर भाजपा के विधायकों ने फिर से हंगामा किया. इस दौरान प्रश्नकाल तक भाजपा के विधायकों ने चलने नहीं दिया, जिसके बाद खुद विधानसभा अध्यक्ष रवींद्रनाथ महतो ने कहा कि जनमुद्दे को लेकर कार्रवाई को चलने दें, लेकिन विपक्ष के सारे विधायक एकजुट होकर हंगामा करते नजर आये. इसके बाद पहले 12 बजे और फिर दो बजे तक के लिए दो राउंड तक कार्रवाई को स्थगित कर दिया. दोपहर दो ब जे के बाद यह कार्यवाही फिर से शुरू हुई, लेकिन भाजपा के विधायकों ने हंगामा करते रहे. उन्होंने भाजपा के विधायकों को बोला कि सदन के साथ भी थोड़ा समझौता करने की जरूरत है. थोड़ा समय दें, न्याय जरूर होगा. इस दौरान सारे विधायकों को आचरण बेहतर करने की अपील रवींद्र नाथ महतो ने की, लेकिन विधायक नहीं बन पाये. इस दौरान दोपहर दो बजे के बाद भाजपा के विधायक अमर बाउरी ने चाईबासा के बुरुगुलीकेरा में हुई नृशंस हत्या का मुद्दा उठाया. उन्होंने इस नरसंहार को तालिबान जैसी घटना बताया. इस दौरान अपराध को भाजपा ने मुद्दा बनाया. इस दौरान भाजपा के विधायकों को स्पीकर ने रोककर कहा कि समयबद्ध तरीके से अभी फैसला नहीं लिया जा सकता है.

महाधिवक्ता से राय मांगी गयी है. महाधिवक्ता की राय आने के बाद फिर से इस पर विचार होगा, जिसके बाद कोई फैसला लिया जा सकता है. इसके लिए प्रक्रिया है. इसके लिए सदन पर दबाव बनाने के बजाय सदन को चलने का इंतजार करने की मांग की. इस दौरान भाजपा के अलावा तमाम दलों के नेताओं के साथ स्पीकर ने बातचीत की, जिसके बाद सदन चल पाया. इस बैठक में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, स्टीफन मरांडी, आलमगीर आलम, भाजपा के विधायक सीपी सिंह, निर्दलीय सरयू राय, सत्यानंद भोक्ता, रामचंद्र चंद्रवंशी, राजेंद्र सिंह, बिनोद सिंह, कमलेश सिंह, अपर्णा सेनगुप्ता थे. इस दौरान सदन की कार्यवाही चली तो पूर्व मंत्री और भाजपा के विधायक अमर कुमार बाउरी ने जमशेदपुर के मानगो में मंत्री बन्ना गुप्ता के अभिनंदन के दौरान एंबुलेंस में मरीज की मौत का मुद्दा उठाया, जिसको लेकर मंत्री बन्ना गुप्ता ने प्रतिवाद किया. इसको लेकर जोरदार हंगामा हुआ.







