
जमशेदपुर : टाटा संस के एमिरट्स चेयरमैन रतन टाटा जमशेदपुर में दो दिनों तक रहे. दो दिनों तक रतन टाटा करीब दस कार्यक्रमों में भाग लिये. बिना किसी सहारे के 83 साल की उम्र में चलते रहे. जुबिली पार्क की लाइटिंग का उदघाटन किया, नोवल टाटा हॉकी एकेडमी का उदघाटन किया, बिष्टुपुर में बनाये गये नये स्ट्रक्चर का उदघाटन किया, अधिकारियों के साथ डिनर में शामिल हुए और फिर सुबह से संस्थापक दिवस समारोह में शामिल होने लगे. टाटा मोटर्स गये, टाटा स्टील गेट गये, टाटा स्टील से निकलकर बिष्टुपुर पोस्टल पार्क गये. वहां से कंपनी के बोर्ड रुम में गये. इस दौरान उनको किसी भी सहारे की जरूरत नहीं रही. (नीचे पूरी खबर पढ़ें)

एक दो जगहों पर कुर्सी से उठने के दौरान जरूर उनको सहारा दिया गया, लेकिन हर जगह वे खुद से ही चलते रहे. 83 साल की उम्र में उनकी तरोताजगी उनकी जवानी और उनके फुर्ती को लेकर लोग चर्चा कर रहे थे. जब वे जमशेदपुर में थे, तब उन्होंने एक ट्विट भी किया. अपने ट्विटर हैंडल पर उन्होंने जेआरडी टाटा के साथ संस्थापक दिवस कार्यक्रम में शामिल होने की तस्वीर को साझा की और लिखा कि टाटा समूह के सारे कर्मचारियों और परिवार को संस्थापक दिवस की शुभकामनाएं दी और कहा कि उनके ही मार्गदर्शन से हम लोगों ने सालों से उदारवादी कदम उठाये है. (नीचे पूरी खबर पढ़ें)

उन्होंने कहा कि इस बार का संस्थापक दिवस स्पेशल इनोशन भरा है, जो जेआरडी टाटा को याद कराता है. दरअसल, चेयरमैन के तौर पर एन चंद्रशेखरन इस कार्यक्रम में हिस्सा लिये जबकि रतन टाटा एमिरट्स चेयरमैन के तौर पर रहे. ठीक उसी तरह रतन टाटा को भी जेआरडी टाटा लेकर आये थे, जो जरूर उनको उस क्षण को याद दिला रहा था. वैसे 3 मार्च के संस्थापक दिवस समारोह के दो तस्वीरों को भी रतन टाटा ने सांझा किया है. (नीचे देखिये रतन टाटा ने क्या लिखा है अपने ट्विटर पर)
My best wishes to all the Tata group companies, the employees & their families on the birth anniversary of our founder, Mr. Jamsetji Tata, who has inspired us with his kindness over the years. This founder’s day has special emotions for me, reminding me of my mentor Mr. JRD Tata




