रामगोपाल जेना,चक्रधरपुर: झारखंड सरकार द्वारा सारंडा जंगल को वाइल्ड लाइफ सेंचुरी घोषित करने की योजना को लेकर मंगलवार को छोटानागरा में आमसभा आयोजित की गई. इस आमसभा में 56 गांवों से हजारों ग्रामीण पहुंचे और अपनी राय व चिंताएं सरकार के समक्ष रखीं. आमसभा में ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडे सिंह, वित्त मंत्री राधा कृष्ण किशोर, श्रम मंत्री संजय प्रसाद यादव और कल्याण मंत्री चमरा लिंडा हैलीकॉप्टर से छोटानागरा पहुंचे. वहीं परिवहन मंत्री दीपक बिरुवा सड़क मार्ग से सभा स्थल पहुंचे. मंत्रियों ने ग्रामीणों से संवाद स्थापित कर प्रस्तावित सेंचुरी के स्थानीय जनजीवन, रोजगार और सामाजिक प्रभावों पर चर्चा की.(नीचे भी पढ़े)

सभा में ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि जंगल का संरक्षण जरूरी है, लेकिन इसके साथ उनकी आजीविका और पारंपरिक जीवनशैली सुरक्षित रहनी चाहिए. कई ग्रामीणों ने आशंका जताई कि वाइल्ड लाइफ सेंचुरी बनने से उनकी खेती,चराई और अन्य रोज़गार प्रभावित हो सकते हैं. इस मौके पर सिंहभूम की सांसद जोबा माझी, चक्रधरपुर विधायक सुखराम उरांव, विधायक निरल पूर्ति, विधायक सोनाराम सिंकू, विधायक जगत माझी भी मौजूद रहे. मंत्रियों ने आश्वासन दिया कि सभी पक्षों की राय और समस्याओं को गंभीरता से लिया जाएगा. उनका कहना था कि सारंडा के संरक्षण के साथ-साथ ग्रामीणों की आजीविका और सामाजिक हितों को ध्यान में रखकर ही अंतिम निर्णय लिया जाएगा.



