चाकुलिया : चाकुलिया भाजपा मंडल कमेटी के नेतृत्व में गुरुवार को भाजपाइयों ने प्रखंड कार्यालय पहुंचकर बीडीओ की अनुपस्थिति में प्रखंड के कर्मचारी को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा. सौंपे गए ज्ञापन में सामाजिक राजनीतिक कार्यकर्ता सूर्या हांसदा की हत्या की सीबीआइ जांच कराने एवं नगड़ी के रैयतों को रिम्स-2 के नाम पर छीनी जा रही उनकी जमीन वापस दिलाने की मांग की गई है. (नीचे भी पढ़ें)
वहीं, नेताओं ने कहा कि संवेदनहीन एवं निकम्मी हेमंत सरकार में राज्य की स्थिति दिनोंदिन बद से बदतर होती जा रही है. राज्य की विधि व्यवस्था ध्वस्त हो चुकी है. राज्य सरकार के संरक्षण में अपराधी, माफिया दलाल बिचौलियों ने पूरे सरकारी तंत्र पर कब्जा जमा लिया है. सरकारी रजिस्टर में दर्ज आंकड़े बता रहे हैं कि राज्य में प्रतिमाह 5000 से अधिक हत्याएं, लूट, बलात्कार, डकैती जैसी गैर जमानती आपराधिक घटनाएं घटित हो रही हैं. विगत दिनों संथाल परगना के सामाजिक राजनीतिक कार्यकर्ता सूर्या हांसदा की राज्य की पुलिस द्वारा एनकाउंटर दिखाकर नृशंस हत्या कर दी गई. सूर्या हांसदा सामाजिक कार्यकर्ता के नाते 250 से अधिक गरीब आदिवासी बच्चों को पढ़ाते थे. उनके भोजन, आवास की चिंता करते थे. साथ ही क्षेत्र में व्याप्त अवैध उत्खनन, पत्थरों की तस्करी का विरोध करते थे जो माफिया तत्वों को पसंद नहीं था. स्व सूर्या हांसदा पर कोई वारंट नहीं था. 14 मुकदमों में वे बरी हो चुके थे, 5 और में जमानत मिल गई थी. बावजूद इसके राज्य की पुलिस इन्हें अपराधी बताकर घर से उठाती है, टॉर्चर करती है और फिर गोली मार देती है, जो पूरी तरह से स्पष्ट है. इससे साफ है कि यह एनकाउंटर नहीं हत्या है. क्षेत्र की जनता, उनके परिजन स्व सूर्या हांसदा के एनकाउंटर मामले की जांच सीबीआइ से कराना चाहते हैं, लेकिन हेमंत सरकार राज्य की एजेंसी के माध्यम से लीपापोती में जुटी है. (नीचे भी पढ़ें)
एक तरफ राज्य में आदिवासियों की हत्याएं हो रही हैं, वहीं दूसरी ओर आदिवासी रैयतों की नगड़ी में खेतिहर जमीन को रिम्स 2 के नाम पर राज्य सरकार किसानों को उजाड़ने पर अड़ी हुई है. मौके पर मंडल अध्यक्ष पार्थसारथी महतो, शतदल महतो, हरि साधन मल्लिक, जयदेव दास, बनमाली दास समेत अन्य उपस्थित थे.



